विदेश के 64427 लोगपवित्र ग्रंथ गीता के 18 अध्यायों के आधार पर 18 दिन चली प्रतियोगिता
आटोमैटिक प्रणाली से 180 विजेताओं की सूची की तैयार
पहली बार प्रतिभागियों का आंकड़ा हुआ 50 हजार से पार
उपायुक्त मुकुल कुमार ने एनआईसी अधिकारी व उनकी टीम को दी शुभकामनाएं
न्यूज डेक्स संवाददाता
कुरुक्षेत्र। अंतर्राष्ट्रीय गीता महोत्सव-2021 में देश-विदेश के 64427 लोग गीता प्रश्नमाला के सूत्र में बंधे। इस महोत्सव के साथ पवित्र ग्रंथ गीता के साथ जुडऩे और गीता ग्रंथ से संबंधित सवाल पूछने के लिए लोग उत्साहित नजर आने लगे है। इसलिए इस बार गीता प्रश्नमाला की प्रतियोगिता में पहली प्रतिभागियों का आंकड़ा 50 हजार को पार कर गया है। अहम पहलू यह है कि यह गीता प्रश्नमाला गीता ग्रंथ के 18 अध्यायों के आधार पर 18 दिन 21 नवंबर से 8 दिसंबर तक चली। इस गीता प्रश्नमाला में कुल 180 विजेता आटोमैटिक कम्पयूटराईज प्रणाली से घोषित किए गए है।
उपायुक्त मुकुल कुमार ने गीता प्रश्नमाला को सफलता पूर्वक चलाने के लिए एनआईसी अधिकारी विनोद सिंगला और उनकी टीम को बधाई देते हुए कहा कि गीता प्रश्न माला का आयोजन दो अलग-अलग कैटेगरी पब्लिक व स्टूडेंट में किया गया। प्रतिभागी किसी भी एक कैटेगरी में अपने आप को शामिल कर सकता था। प्रतिभागी का रजिस्ट्रेशन मोबाइल नंबर व अपने मोबाइल पर प्राप्त ओटीपी से वेरीफाई कर रजिस्ट्रेशन कर सकता था। गीता प्रश्न वाला में 64427 प्रतिभागियों ने भाग लिया, जिसमें पब्लिक कैटेगरी में 15018 व स्टूडेंट कैटेगरी में 46741 प्रतिभागी शामिल हुए। इसके इलावा कुछ विदेशी प्रतिभागियों ने भी इस प्रश्नोतरी प्रतियोगिता में भाग लिया। गीता प्रश्न माला का उद्देश्य श्रीमद्भगवद्गीता ज्यादा से ज्यादा प्रचार और प्रसार करना है, गीता प्रश्न माला आपके के ज्ञान का परीक्षण या ज्ञान को जांचना नहीं रहा है। हमारा प्रयास रहा गीता प्रश्न माला के प्रश्नों से ही आपको गीता के बारे में जानकारी व ज्ञान प्राप्त हो।
श्रीमद्भगवद्गीता का जो स्वरूप हमें प्रेरित करता है, जो हमारी समस्याओं का निवारण दिखाता है, निराशा में आशा की किरण दिखाता है, अच्छे व बुरे आचरण के परिणाम के बार बताता है व महान विभूतियों के गीता के बारे में विचार व गीता से उनकी प्र›रणा इत्यादि को गीता प्रश्न माला में संजोने का प्रयास किया गया। आप गीता प्रश्नमाला के बारे चर्चा करे व आचार विचार करे गीता प्रश्नमाला यही लक्ष्य था। उन्होंने कहा कि गीता प्रश्न माला में हर रोज पांच विजेता पब्लिक केटेगरी में पांच विजेता स्टूडेंट केटेगरी में 18 दिनों में कुल 180 विजेता निकाले गए। सभी विजेता ऑटोमेटिक कंप्यूटराइज तरीके से सभी टॉप स्कोर में से निकाले गए है। गीता प्रश्न माला में जिन प्रतियोगियों ने अपने मित्र बंधु परिवारजनों प्रतियोगिता में भाग लेने के लिए प्रेरित किया व स्कूल के अध्यापक गणों ने अपने बच्चों को प्रतियोगिता में भाग लेने के लिए प्रेरित किया ऐसे बहुत से प्रतियोगिताओं मैं से टॉप टेन प्रतियोगिताओं का चुनाव किया गया। सभी टॉप 10 मोटिवेटर को 1 हजार रुपए प्रति मोटिवेटर, प्रमाण पत्र व मोटिवेटर का अप्रशिएशन फॉर मोटीवेटिंग का प्रमाण पत्र दिया जाएगा।
इसी कड़ी में गीता प्रश्न माला के समापन पर टॉप 25 विजेता पब्लिक कैटेगरी में व टॉप 25 विजेता स्टूडेंट कैटगिरी में निकाले गए। गीता प्रश्न माला में ज्ञान वर्धन के साथ साथ सभी विजेताओं का उत्साह वर्धन करने के लिए उचित इनाम भी रखा गया। सभी टॉप 25 विनर पब्लिक श्रेणी व सभी टॉप 25 विनर स्टूडेंट श्रेणी को एक-एक हजार रुपए का इनाम व इनसाइक्लोपीडिया ऑफ गीता की उपाधि भी दी जाएगी। एनआईसी अधिकारी विनोद सिंगला ने कहा कि सभी प्रतिभागी जिन्होंने गीता प्रश्न माला में भाग लिया है, उनको डिजिटल फॉर्म में सर्टिफिकेट ऑफ पार्टिसिपेशन उपलब्ध रहेगा वह इसके अलावा जिन भी प्रतिभागियों ने 50 परसेंट से ज्यादा सही उत्तर दिए है, उनको भी सर्टिफिकेट ऑफ अप्रिशिएसन डिजिटल फॉर्म उनके अकाउंट लॉगिंग में उपलब्ध रहेगा। यदि किसी कारणवश कोई प्रतियोगी अपने विजेता सर्टिफिकेट इस पुरस्कार समारोह वितरण में प्राप्त नहीं कर पाता तो वह यह सर्टिफिकेट ऑनलाइन भी डाउनलोड कर सकते है। उनके अकाउंट में उनके सभी सर्टिफिकेट उपलब्ध रहेंगे।