न्यूज डेक्स संवाददाता
कुरुक्षेत्र। इजरायल एम्बेसी से आए मासव काऊंसलर याहिर अशेल द्वारा एकीकृत मधुमक्खी पालन विकास केन्द्र रामनगर का भ्रमण किया और किसानों को दी जा रही उच्चतम तकनीक के बारे जानकारी ली। याहिर अशेल द्वारा उत्कृष्ट गांव योजना के तहत चयन किये गये किसान की गांव झांसा में रखी अपायरी का निरीक्षण किया व उनकी कालोनियों की गुणवत्ता को चैक किया और इस योजना के तहत दी जा रही तकनीक के बारे में जाना तथा याहिर अशेल इससे काफी प्रभावित हुये व केन्द्र द्वारा दी जा रही तकनीक व केन्द्र द्वारा संचालित सभी गतिविधियों की सराहना भी की। इसके पश्चात मासव काऊंसलर याहिर अशेल द्वारा उप-उष्णकटिबंधीय फल केंद्र लाडवा का भी दौरा किया गया।
केन्द्र संचालक एवं उपनिदेशक डा. बिल्लु यादव ने याहिर अशेल का केंद्र पर पहुंचने पर स्वागत किया और बताया कि इस केन्द्र द्वारा इंडो-इजराईल विलेज ऑफ एक्सीलेंसी के तहत 6 गांव को गोद लिया गया है जिसका मुख्य उद्देश्य मधुमक्खी पालन की उच्चतम तकनीक जैसे-उच्च गुणवत्ता की रानी मधुमक्खी तैयार करना, सुपर बॉक्स से शहद निकालना, ऑफ सीजन में फीड देना व विहिन मौसम में अपायरी की देखभाल करना इत्यादि किसानों को ट्रांसफर करना है, जिसके लिए समय-2 पर इस केन्द्र के विशेषज्ञों द्वारा उत्कृष्ट गांव का दौरा किया जाता रहा है ताकि वैज्ञानिक विधि द्वारा मधुमक्खी पालन किया जा सके और मधुमक्खी पालन में गुणवत्ता सुधार हो सके। उन्होंने बताया कि विभाग द्वारा उत्कृष्ट गांव को बढ़ावा देने के लिए केंद्र पर मिलने वाली सभी सुविधाएं अनुदान राशि पर प्राथमिकता के आधार पर दी जा रही हैं। इस वित्तीय वर्ष 2021-22 में उत्कृष्ट गांव योजना के तहत किसानों को 53 लाख 73 हजार 515 रूपये की अनुदान राशि आंवटित की जा चुकी है, ताकि मधुमक्खी पालकों की गुणवत्ता में सुधार किया जा सके।