सेंट थॉमस स्कूल के प्रयासों से पहली बार मदर डे पर 8 मई को होगा शिल्प कला प्रदर्शनी का आयोजन
विश्व स्तरीय म्यूजिकल पेंटिंग कलाकार एवं राष्ट्रीय अवार्डी लिपी परिदा करेंगी प्रदर्शनी का उद्घाटन
अंतर्राष्ट्रीय एनजीओ बेयर फुट इंटरनेशनल भी लेकर पहुंचेंगी बच्चों के लिए सुपर फाइव न्यूट्रिशन
पांच राज्यों के शिल्पकार पहुंचे स्कूल के प्रांगण में
न्यूज डेक्स संवाददाता
कुरुक्षेत्र। सेंट थॉमस स्कूल की प्रंबधक निदेशिका अंजली मरवाह ने कहा कि देश की भावी पीढ़ी को लर्निंग वाई डूयिंग प्रोग्राम के जरिए सर्वांगीण विकास के लिए शिल्प कला प्रर्दशनी एवं वर्कशाप एक अहम भूमिका अदा करेंगी। इस शिल्प कला प्रदर्शनी में राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय शिल्पकारों से बच्चे शिल्पकला की बारीकियों को भी जान सकेंगें। अहम पहलू यह है कि इस राष्ट्रीय शिल्प कला प्रदर्शनी एवं वर्कशाप में राजस्थान, उत्तराखंड, बिहार व बेस्ट बंगाल से कोटा डोरिया, ब्लॉक प्रिंटिंग, लेदर, जूतियां, हैंडीक्राफ्ट, साड़ी सहित अन्य शिल्पकला देखने को मिलेगी।
खास बात यह है कि पहली बार इंटरनेशनल एनजीओ बेयर फुट इंटरनेशनल (बीसीआई) भी बच्चों के लिए सुपर फाइव न्यूट्रिशन,शहद सहित अन्य उत्पाद लेकर पहुंच रही है। सेंट थॉमस स्कूल की प्रबंधक निदेशिका अंजली मरवाह ने बातचीत करते हुए कहा कि कुरुक्षेत्र के सेंट थॉमस स्कूल में देश भर के बेहतरीन शिल्पकारों की शिल्पकला का अनोखा संगम देखने को मिलेगा। यह संगम मदर डे 8 मई को देखने को मिलेगा। इस नगर के लोगों को बेहतरीन शिल्पकला से रूबरू करवाने के उद्देश्य से लोटस ग्रीन सिटी सेक्टर 9 सेंट थॉमस स्कूल के प्रांगण में शिल्प कला प्रदर्शनी का आयोजन किया जा रहा है।
इस प्रदर्शनी का उद्घाटन विश्व में सबसे तेज म्यूजिकल पेंटिंग बनाने वाली कलाकार मेक इन इंडिया में राष्ट्रीय अवार्डी लिपी परिदा करेंगी। उन्होंने कहा कि सेंट थॉमस स्कूल में बच्चों को एक नया मंच मुहैया करवाने और देश दुनिया की कला संस्कृति से रूबरू करवाने से हर वर्ष कार्यक्रम का आयोजन किया जाता है। इन कार्यक्रमों के माध्यम से बच्चों में उत्साह पैदा होने के साथ-साथ आगे बढने की प्रेरणा भी मिलती है। इन तमाम उद्देश्यों को जहन में रखते हुए सेंट थॉमस स्कूल प्रबंधन समिति की तरफ से 8 मई को मदर डे पर एक शिल्पकला प्रदर्शनी कम सेल का आयोजन किया जा रहा है। इस शिल्प कला प्रदर्शनी एवं वर्कशॉप का आयोजन भविष्य में भी किया जाता रहेगा।
उन्होंने कहा कि सेंट थॉमस स्कूल के प्रांगण में थोरी संस्थान के तत्वाधान में एक ही छत के नीचे विभिन्न प्रदेशों की शिल्पकला का अनोखा संगम पहली बार देखने को मिलेगा। इस शिल्पकला को देखने के साथ-साथ लोग सीधा शिल्पकारों से उनके हाथ से बनाएं गए उत्पादों को खरीद भी सकेंगे। इसकी व्यवस्था भी इस प्रदर्शनी में की गई है। इस प्रदर्शनी का आयोजन खास तौर पर मदर डे पर किया गया है। यह प्रदर्शनी 8 मई को सुबह 10 बजे से लेकर रात्रि 8 बजे तक लगेगी। इस प्रदर्शनी में स्कूल विद्यार्थियों, अभिभावकों के साथ-साथ आम नागरिक भी शिरकत कर सकेंगे।
इस प्रदर्शनी में राजस्थान से इमरान अली कोटा डोरिया के कलाकार , उतराखंड से अभय नेचुरल आयल , बिहार से खेता राम भागलपुर साड़ी , गुजरात से श्याम जी वन्कार दुपट्टा एवं वेस्ट बंगाल से मीता पॉल जामदानी लेकर धर्मनगरी में पहुँच चुके है , शिल्पकार प्रशांत ने बताया कि रविवार को आम नागरिक का विश्व स्तरीय कला को देखने का सपना भी पूरा होगा। राष्ट्रीय शिल्प कला प्रदर्शनी की संयोजिका सोनिका रावत ने कहा कि यह शिल्पकला प्रदर्शनी अपने आप में शिल्पकला का एक अनोखा संगम होगी। इस शिल्प कला प्रदर्शनी में जहां बच्चे देश की प्राचीन सांस्कृतिक विरासत के रूप में शिल्पकला को देख सकेंगे वहीं इस शिल्पकला को अपने-अपने घरों में भी सजा कर रख सकेंगे। इस शिल्प कला प्रदर्शनी की तैयारियां की जा रही है।