Home haryana जब किसान सड़कों पर पिट रहे थे तो दुष्यंत चौटाला काले कानूनों की तारीफ कर रहे थे: डॉ. सुशील गुप्ता

जब किसान सड़कों पर पिट रहे थे तो दुष्यंत चौटाला काले कानूनों की तारीफ कर रहे थे: डॉ. सुशील गुप्ता

by ND HINDUSTAN
0 comment

इंडिया” गठबंधन के तहत आम आदमी पार्टी के लोकसभा प्रत्याशी डॉ. सुशील गुप्ता के पूंडरी के गांवों और वार्डों में बैठक

कैथल में प्रेस वार्ता कर साधा बीजेपी की किसान विरोधी नीतियों पर निशाना

जिन किसानों को बीजेपी सरकार ने लाठियों से पीटा, आज उन्हीं किसानों से बेशर्मी से वोट माँगने जा रहे : डॉ. सुशील गुप्ता 

बीजेपी मंडियों को खत्म करना चाहती है ताकि किसान अपनी फसलों को अडानी के गोदामों में रखने को मजबूर हों: डॉ. सुशील गुप्ता

किसानों के खिलाफ बीजेपी की अघोषित जंग में इंडिया गठबंधन किसानों के साथ खड़ा: डॉ. सुशील गुप्ता

बीजेपी को कोई प्रत्याशी नहीं मिला तो नवीन जिंदल को ईडी का डर दिखा कर उम्मीदवार बनाया: डॉ. सुशील गुप्ता

न्यूज डेक्स संवाददाता

कैथल। आम आदमी पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष और कुरुक्षेत्र लोकसभा से ‘इंडिया’ गठबंधन के प्रत्याशी डॉ. सुशील गुप्ता ने बुधवार को पूंडरी विधानसभा के गांव एवं वार्ड में चुनावी यात्रा शुरू की। इससे पूर्व, उन्होंने कैथल में प्रेस वार्ता की। उनके साथ पूर्व विधायक सुल्तान जंडौला, बलकार पुंडरी, राजीव आर्य, महेंद्र झांबा, गज्जन सिंह, नीता चौहान, सतबीर गोयत,  सतपाल साकरा, कंवरपाल करोड़ा, प्रेम, धीमान, भूप सिंह सैनी, पूनम गुज्जर, प्रेमचंद्र गुज्जर, सरपंच जाडौला, सतबीर भाना, विरेंद्र श्योकंद, सोनिया शर्मा और देवेंद्र हंस मुख्य तौर पर मौजूद रहे। उन्होंने अपनी चुनावी यात्रा गांव टीक से शुरू की। इसके बाद वे बंदराणा में लोगों से मिले। वहां से रसूलपुर में ग्रामीणों से रूबरू हुए। इसके बाद गांव खेड़ी रायवाली में पहुंचे। यहां से गांव सोलू माजरा, गांव चुहड़ माजरा, मटरवाखेड़ी, गांव डुलयानी, गांव टयोंठा, संगरौली और दुसैन में लोगों को संबोधित किया और आशीर्वाद लिया। इस दौरान उन्होंने बुजुर्गों और महिलाओं का आशीर्वाद लिया और “इंडिया” गठबंधन को भारी बहुमत से जिताने की अपील की।

डॉ. सुशील गुप्ता ने कहा वे कुरुक्षेत्र लोकसभा के गांवों में दौरे कर रहे हैं। हर रोज़ हज़ारों की तादात में किसान भाई मुझसे आकर मिल रहे हैं।किसान बहुत ग़ुस्से में हैं। वे कहते हैं कि उनपर पर आंसू गैस के गोले छोड़े गए, पैलेट गन से हमला किया गया। 
किसानों पर रासुका लगाया गया। बैंक खाते सील किए, उनकी प्रॉपर्टी ज़ब्त की गई। जिन किसानों को बीजेपी सरकार ने लाठियों से पीटा, आज उन्हीं किसानों से बेशर्मी से वोट माँगने जा रहे हैं।

उन्होंने कहा किसानों ने इन लोगों की गाँव में एंट्री बंद कर दी है। किसानों ने गांवों में बोर्ड लगाने का काम किया। बीजेपी- जेजेपी नेताओं को गांवों में घुसने नहीं दिया जाएगा। किसानों ने कहा कि हमें नेशनल हाईवे पर रोका गया, हम गांवों में घुसने से रोकेंगे।आज इनको लगता है कि किसान डर के घर बैठ जाएगा। किसान सड़कों पर बीजेपी की लाठियों से नहीं डरा, अब इनसे क्या डरेगा?

उन्होंने कहा कि जिन किसानों पर इन्होने अत्याचार किए, आज वही किसान इनको इनकी हैसियत याद दिला रहे हैं। जिन किसानों ने मेहनत से अपनी फसल तैयार की है, ये चाहते हैं कि कौड़ियों के भाव बिके। ये चाहते हैं कि किसान लाइनों में लगा रहे। ना मंडियों में कोई सुविधा मिले, ना पीने का पानी मिले और मंडियों में ऐसे ही धक्के खाता रहे। 

उन्होंने कहा ये मंडियों को खत्म करना चाहते हैं और ताकि किसान अपनी फसलों को अडानी के गोदामों में रखने को मजबूर हो। अडानी के गोदामों में औने पौने भाव पर बेचने को मजबूर हो। इस देश और प्रदेश का किसान इस बात को समझ चुका है। यही कारण है कि जिन काले क़ानूनो को रद्द करवाने के लिए 700 से ज्यादा किसानों ने शहादत दी थी। ये उन्हीं काले क़ानूनो को बैक डोर से लागू करना चाह रहे हैं। उन्होंने कहा जब तक आम आदमी पार्टी है, तब तक तो इनके मक़सद को कामयाब नहीं होने देंगे। आम आदमी पार्टी हमारे किसान भाइयों को अडानी का मज़दूर नहीं बनने देगी।

उन्होंने कहा ये किसानों की अस्मिता की लड़ाई है और इस लड़ाई में आम आदमी पार्टी, कांग्रेस, सुशील गुप्ता और इंडिया गठबंधन किसानों के साथ मजबूती से खड़े हैं। किसानों के ख़िलाफ़ इस सरकार ने अघोषित जंग छेड़ रखी है। इसमें इंडिया गठबंधन किसानों के साथ खड़ा है। एक के बाद एक किसानों के ख़िलाफ़ सरकार मोर्चा खोल रखा है। किसानों पर जो केस दर्ज किए हुए थे, किसानों के ट्रैक्टरों को ज़ब्त किया जा रहा है। सारे सीज़न ट्रैक्टर थाने में खड़े रखने की सरकार साजिश कर रही है।

उन्होंने कहा भारतीय जनता पार्टी किसानों को गुलाम समझना बंद कर दे। बुजुर्ग किसानों के ख़िलाफ़ एफआईआर हो रही है, युवा किसानों पर जानलेवा हमले हो रहे हैं। जब से ये सरकार आयी है तब से किसानों को लगातार बर्बादी की खाई में धकेला जा रहा है। इन्होंने कहा था कि 2022 तक किसानों की आय दुगनी कर देंगे, किसानों की आय दुगनी तो नहीं की, लेकिन कर्जा दुगना हो गया। कृषि मंत्री के गृह जिले में तो किसानों पर तिगुना कर्जा हो गया। ये सरकार ना फसल का सही दाम देना चाहती है। ना फसल ख़राब होने पर मुआवज़ा मिलता है। किसानों को आज तक बाढ़ का मुआवजा नहीं मिला।

उन्होंने कहा भावांतर योजना के नाम पर तो इस सरकार ने खुली लूट मचा रखी है। ये सरकार किसानों से नफ़रत करती है, क्योंकि किसानों ने सवा साल तक आंदोलन करके इनके अहंकार को घुटनों पर ला दिया था। प्रधानमंत्री को माफी मांगनी पड़ी थी और तीन काले कानूनों को वापस लेना पड़ा था। तबसे बीजेपी सरकार बदले की भावना से किसान भाइयों पर कार्यवाही कर रही है। इन्होंने किसानों पर हर जुल्म की इंतेहा कर दी। भारतीय जनता पार्टी ने किसानों को कभी खालिस्तानी कहा, कभी आतंकवादी कहा और अब उपद्रवी कह जा रहा है। अब किसान वोट की चोट से भारतीय जनता पार्टी से बदला लेने का काम करेंगे। 

उन्होंने जजपा पर पर निशाना साधते हुए कहा कि जिन्होंने भारतीय जनता पार्टी को कोस कोसकर वोट लेने का काम किया था, बाद में उनकी ही गोदी में बैठने का काम किया। आज जनता सब कुछ समझ रही है। जब किसान सड़कों पर पिट रहे थे तो दुष्यंत चौटाला काले कानूनों की तारीफ कर रहे थे। जब किसानों पर लाठी चल रही थी, वो सत्ता का सुख भोग रहे थे। अब किसानों ने कह दिया, ये लोग अपनी जमीन खो चुके हैं।

उन्होंने कहा कि अब जनता समझ चुकी है। प्रदेश के किसान भी अपने घरों से निकल रहे हैं। ये चुनाव किसानों और नौजवानों की अस्मिता से जुड़ा चुनाव है। अब प्रदेश का हर वर्ग वोट की चोट से बीजेपी को सत्ता से बाहर करने का काम करेगा।बीजेपी का कुरुक्षेत्र से एक डरा हुआ प्रत्याशी चुनाव लड़ रहा है। बीजेपी को कोई प्रत्याशी नहीं मिला तो नवीन जिंदल को ईडी का डर दिखा कर उम्मीदवार बना दिया। जिस व्यक्ति को खुद बीजेपी ने कुरूक्षेत्र की धरती पर कोयला चोर कहा, उसे ही कुरुक्षेत्र से बीजेपी का प्रत्याशी बना दिया। 

उन्होंने कहा कि जो व्यक्ति अपनी आवाज नहीं उठा सकता वो कुरुक्षेत्र की जनता की आवाज क्या उठाएगा। आज कुरुक्षेत्र की जनता को मजबूर उम्मीदवार नहीं मजबूत उम्मीदवार की जरूरत है। भाजपा ने उस व्यक्ति नायब सैनी को मुख्यमंत्री बनाया है। उनको हरियाणा की 10 लोकसभा सीटों की जिम्मेदारी दी है, जो अपनी पत्नी को जिला परिषद का चुनाव नहीं जीता पाए। कुरुक्षेत्र लोकसभा के जिस गांव में भी हम जा रहे हैं हमें जनता का पूरा समर्थन मिल रहा है और हर व्यक्ति बदलाव के लिए वोट करने के लिए तैयार हैं।

You may also like

Leave a Comment

NewZdex is an online platform to read new , National and international news will be avavible at news portal

Edtior's Picks

Latest Articles

Are you sure want to unlock this post?
Unlock left : 0
Are you sure want to cancel subscription?