एनडी हिन्दुस्तान
चंडीगढ़ । केंद्र सरकार ने हरियाणा में लंबित आयुष्मान भारत की राशि निर्गत कर दी है।
यूडीएफ हरियाणा प्रदेशाध्यक्ष डॉ अमित व्यास ने 30 जनवरी को प्रधानमंत्री को पत्र लिखकर आयुष्मान भारत योजना के भुगतान संबंधी व अन्य समस्याओं के समाधान की मांग की थी। आयुष्मान योजना के तहत बकाया भुगतानों, अस्पतालों की वित्तीय समस्याओं और अन्य प्रशासनिक मुद्दों को लेकर यूडीएफ के प्रयासों का असर दिखा!
केंद्र सरकार के पीएम ग्रीवेंस पोर्टल पर दर्ज शिकायत के आलोक में सभी लंबित बकाया का भुगतान करने के निर्देश दिए है।भारत सरकार ने लंबित भुगतान के लिए 325 करोड़ रुपये हरियाणा को जारी किए थे जिसमे से हरियाणा सरकार ने 200 करोड़ का भुगतान जनवरी में ही कर दिया था। हस्पतालो की शेष राशि 31 मार्च तक भुगतान करने की बात कही है ।साथ ही इस संबंध में बजट आवंटन सुनिश्चित करने और टीएमएस पोर्टल की समस्याओं के समाधान के लिए कदम उठाने की बात कही गई है।
हरियाणा सरकार ने आयुष्मान और चिरायु योजना के लिए 2025-26 के बजट में 2500 करोड़ रुपए का प्रावधान भी बनाने की बात कही है ताकि भविष्य में ऐसी परेशानी ना हो।
डॉ अमित व्यास के अनुसार आयुष्मान योजना को सुचारू रूप से चला रहे आयुष्मान मित्र की एचकेआरएनएल (हरियाणा कौशल रोजगार निगम लिमिटेड) में पोर्टिंग या न्यूनतन वेतन पर संतोषजनक उत्तर नहीं मिला है।
आयुष्मान मित्रो को भारत सरकार के एनएचए दिशा निर्देशों के अनुसार नियुक्त किया गया था। गाइडलाइन के अनुसार आयुष्मान मित्रों को न्यूनतम वेतन देना तय हुआ था। लेकिन वे लोग आज तक 5000 रुपए मासिक मानदेय पर कार्यरत हैं। इस मुद्दे पर यूडीएफ अपनी लड़ाई जारी रखेगा ताकि प्रभावित कर्मचारियों को न्याय मिल सके। डॉ व्यास ने कहा कि यूडीएफ डॉक्टरों और स्वास्थ्यकर्मियों के अधिकारों की रक्षा के लिए हमेशा तत्पर रहेगा!
यूडीएफ के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ लक्ष्य मित्तल ने हरियाणा टीम को इस सफलता के लिए बधाई दी है।