न्यूज डेक्स संवाददाता
हिसार। ऑनर किलिंग मामले में आज महिला समेत 3 लोगों को अदालत ने उम्रकैद की सजा सुनाई गई है। यह आदेश अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश अमित सहरावत ने सुनाए हैं। अदालत ने मंडी आदमपुर की इंद्रा कॉलोनी निवासी युवती की मां कलावंती, भाई शिवकुमार और जीजा साबरवास निवासी राकेश को दोषी करार देते हुए 3 आरोपियों को सबूतों के अभाव में बरी किया है।
मामला 20 सितंबर 2017 का है। मंडी आदमपुर थाना पुलिस ने हत्या करने, शव को खुर्दबुर्द करने और षड्यंत्र रचने का केस दर्ज किया था। जींद जिला के सेवा माजरा वासी दिलबाग ने पुलिस को बताया था कि 11 सितंबर को शिकायतकर्ता के छोटे भाई विक्रम के पास फोन आया था,इसके बाद वह बाइक लेकर घर से निकला था और 4 बजे जब उसने अपने भाई को तो उसका फोन बंद था।
दिलबाग के मुताबिक 17 सितंबर को वह अपने परिचितों के साथ शिवकुमार के घर गया था। यहां उन्होंने कहा था कि हमारी लड़की गई, तुम्हारा लड़का गया है। अब इस बात पर मिट्टी डाल दो,लेकिन इसके बाद उन्होंने 20 सितंबर को आदमपुर थाना पुलिस में शिकायत दी थी।इस शिकायत के आधार पर पुलिस ने आरोपी शिवकुमार को गिरफ्तार किया था। पूछताछ में उसने जो खुलासा किया पूरे घटनाक्रम का पता चला।जानकारी मिली की विक्रम का इनके घर पर आना-जाना था।
दिलबाग के अनुसार, छोटी बहन बबली और विक्रम का प्रेम संबंध था,जब इसकी जानकारी मिली तो 11 सितंबर को मां ने जीजा राकेश को घर बुलाया। हमने आपस में बातचीत की और बबली को समझाया था,मगर वह विक्रम से ही शादी करने पर अडी रही,जिससे खफा होकर इन तीनों ने बबली-विक्रम को मारने की साजिश रची और बबली से फोन कराकर विक्रम को अपने घर बुलाया। साजिश के तहत राकेश पानी में सल्फास घोलकर लाया था बबली-विक्रम को पिला दिया और इसके बाद चुन्नी से गला दबा कर दोनों की हत्या के बाद दोनों शव सिधुमुख नहर में फेंक दिये थे।