न्यूज डेक्स संवाददाता
कुरुक्षेत्र।आज निर्माण कार्य मजदूर मिस्त्री यूनियन 1966 का चौथा प्रांतीय प्रतिनिधि सम्मेलन शहीद भगत सिंह दिशा संस्थान कुरुक्षेत्र में संपन्न हुआ । सम्मेलन की अध्यक्षता यूनियन के प्रांतीय प्रधान कामरेड करनैल सिंह ने की। सम्मेलन का आरंभ प्रधान कॉमरेड करनैल सिंह और महासचिव कामरेड सुरेश कुमार ने झंडा फहरा कर किया और दुनिया के मजदूरों एक हो, निर्माण कार्य मजदूर मिस्त्री यूनियन का चौथा प्रांतीय प्रतिनिधि सम्मेलन जिंदाबाद! के नारे लगाए गए। मजदूरों के लिए लड़ाई लड़ते हुए शहीद होने वाले शहीदों को 2 मिनट का मौन रखकर श्रद्धांजलि अर्पित की गई।
सम्मेलन के मुख्य अतिथि जन संघर्ष मंच हरियाणा के प्रदेशाध्यक्ष कॉमरेड फूल सिंह ने सम्मेलन का उद्घाटन करते हुए प्रदेश के विभिन्न जिलों से आए प्रतिनिधियों का स्वागत किया और सम्मेलन के सफल आयोजन के लिए अपनी शुभकामनाएं दी। उन्होंने कहा कि आज मजदूर वर्ग बहुत बड़े संकट में है ,मौजूदा भारत सरकार ने देश के पूंजीपतियों के हित में मजदूर वर्ग द्वारा लंबे संघर्ष और कुर्बानियों के माध्यम से प्राप्त किए गए सभी अधिकार एक झटके में खत्म कर दिए हैं। इसी प्रकार पिछले वर्ष जनविरोधी कृषि कानून बनाकर किसानों को उजाड़ने का काम किया ,जिसके खिलाफ देश के किसान लड़ रहे हैं ।उन्होंने आज के इस सम्मेलन में देश की मेहनतकश जनता के हित में यूनियन को मजदूरों की लड़ाई को और तेज करने का आह्वान किया और सम्मेलन के विधिवत उद्घाटन की घोषणा की।
महासचिव सुरेश कुमार ने यूनियन द्वारा पिछले 2 साल में किए गए कामों की रिपोर्ट रखते हुए कहा कि यूनियन ने निर्माण कार्य श्रमिकों के आर्थिक और राजनीतिक हितों के लिए विभिन्न मोर्चों पर संघर्ष किया है। यूनियन ने अपनी सामर्थ्य के अनुसार ही काम किया है ।उन्होंने उम्मीद जताई है कि आगामी कमेटी अपनी सैद्धांतिक समझ को बढ़ाते हुए तेजी से काम करेगी ।मनरेगा मजदूर यूनियन के महासचिव कामरेड सोमनाथ ने सम्मेलन के सफल होने पर बधाई देते हुए कहा कि हमारी यूनियन मोदी सरकार द्वारा बनाई गई श्रम संहिताओं तथा काले कानूनों के खिलाफ कंधे से कंधा मिलाकर लड़ेगी। महासचिव की रिपोर्ट पर विभिन्न प्रतिनिधियों ने अपने विचार रखे और सर्वसम्मति से पास किया जन संघर्ष मंच हरियाणा की महासचिव कामरेड सुदेश कुमारी ने कहा कि आज मजदूर बहुत संकट के दौर से गुजर रहे हैं, मजदूरों को सरकार द्वारा बनाई गई किसी भी कल्याणकारी योजना का लाभ नहीं मिल रहा है ।मनरेगा मजदूरों को काम नहीं मिल रहा है।
उन्होंने इस संबंध में सरकार की कड़े शब्दों में निंदा की। उन्होंने मजदूरों का आह्वान किया कि शहीद ए आजम भगत सिंह की शिक्षाओं की रोशनी में एक व्यापक सामाजिक आंदोलन खड़ा करें और शोषण दमन के स्रोत पूंजीवाद को उखाड़ फेंकने के लिए आगे बढ़े ।छात्र नेत्री कविता विद्रोही ने अपने संगठन की ओर से सफल सम्मेलन के लिए क्रांतिकारी बधाई दी और फैज अहमद फैज की मशहूर नजम मकान प्रस्तुत की। यूनियन के प्रधान कामरेड करनैल सिंह ने कहा कि सरकार द्वारा मजदूरों के खिलाफ बनाई गई मजदूर विरोधी नीतियों का हमारी यूनियन ने भंडाफोड़ किया है और मजदूरों के हक में काम किया है।
उन्होंने कहा कि हमारी यूनियन आगामी समय में मोदी व खट्टर सरकारों की मजदूर विरोधी नीतियों के खिलाफ जोरदार आंदोलन खड़ा करेगी और निर्माण कार्य श्रमिकों के हितों की रक्षा करेगी। सर्वसम्मति से निर्माण कार्य मजदूर मिस्त्री यूनियन रजिस्टर्ड 1966 की प्रांतीय कार्यकारिणी का चुनाव किया गया जिसमें करनैल सिंह – राज्य प्रधान, कामरेड फूल सिंह-उप प्रधान, कामरेड सुरेश कुमार- महासचिव, कुलदीप सारसा- सचिव, कुलदीप स्योंसर- कैशियर, सोमनाथ- प्रचार सचिव, सुरेन्द्र नूरनखेड़ा- कार्यालय सचिव तथा कार्यकारिणी सदस्य- सतीश शिवानका, प्रेमचंद जींद चांदी राम और रामचंद्र चुने गए। इंकलाब जिंदाबाद! और दुनिया के मजदूरों एक हो! के नारों के साथ प्रतिनिधि सम्मेलन का समापन किया गया।