न्यूज डेक्स संवाददाता
कुरुक्षेत्र, 8 अक्टूबर। कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के रसायन विभाग और यूजीसी एचआरडीसी द्वारा आयोजित रिफ्रेशर कोर्स के चतुर्थ दिवस के प्रथम सत्र में गुरू जंभेश्वर विश्वविद्यालय से प्रो. देवेन्द्र कुमार ने प्रतिभागियों को सम्बोधित करते हुए पेरीसाइक्लीक रिएक्सन के बारे में इसके वर्गीकरण जैसे इलेक्ट्रोसाईक्लिक इत्यादि के बारे में विस्तार से बताया।
इसके साथ ही साधारण उदाहरण देकर उन्होंने थर्मल कंडीशन और फोटो केमिकल कंडीशन के रिएक्शन के विषय में चर्चा की जिसे प्रतिभागियों ने सराहा। द्वितीय सत्र में प्रो. जेबी दहिया, विभागाध्यक्ष, रसायन विज्ञान विभाग, गुरू जंभेश्वर विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय ने सभी प्रतिभागियों को पालीमर संरचना के सिद्धान्त विषय पर सम्बोधित किया।
उन्होंने बताया कि औद्योगिक रूप से पालीमर को दो वर्गो, प्लास्टिक और इलास्टोमर के रूप में वर्गीकृत किया गया है। क्रिस्टेलाईजेशन की विभिन्न विधि बताते हुए उन्होंने प्रतिभागियों को थर्मोप्लास्टिक और थर्मोसेटस में मुख्यतः क्या अन्तर है, विस्तार से बताया।
आईआईएससी बैंगलोर के वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. उदय मैत्रा ने अंडरस्टैंडिंग द हैमेट इक्वेशन विषय पर व्याख्यान दिया तथा दिल्ली विश्वविद्यालय के प्रोफेसर डॉ. डीएस रावत ने स्पैक्ट्रोस्कोपी के अनुप्रयोगों तथा विशेषताओं का विस्तार में वर्णन किया। इसके उपरान्त विभागाध्यक्ष प्रो. नीरा राघव ने सभी वक्ताओं का धन्यवाद किया।