अम्बाला के साथ लगते जिलों को भी होगा फायदा
अम्बाला को 5 राज्यों के ट्रांसपोर्ट हब के रुप में किया जा सकता है विकसित
न्यूज डेक्स संवाददाता
कुरुक्षेत्र। केंद्रीय जल शक्ति व सामाजिक अधिकारिता राज्य मंत्री रतन लाल कटारिया ने कहा कि दिल्ली गुडग़ांव फरीदाबाद में घनी आबादी होने के कारण दिल्ली से 200 किमी की दूरी पर अम्बाला एक ऐसा स्थान है जिसको 5 राज्यों के लिए ट्रांसपोर्ट हब का रूप दिया जा सकता है।
उन्होंने वीरवार को जारी एक प्रेस विज्ञप्ति में कहा कि केन्द्रीय मंत्री नितिन गडकरी से मिल कर अम्बाला रिंग रोड प्रोजेक्ट की मंजूरी मिलने पर आभार जताया, इस रिंग रोड से अम्बाला कैंट व अम्बाला शहर को पंजाब हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली, उत्तराखंड, उत्तरप्रदेश, जम्मू कश्मीर, हिमाचल प्रदेश से आने वाले भारी ट्रैफिक से निजात मिलेगी। उन्होंने मुख्यमंत्री मनोहर लाल का भी इस प्रोजेक्ट की मंजूरी के लिये आभार जताया ओर भूमि पूजन पर आने के लिए निमंत्रण भी दिया है।
उन्होंने कहा कि केन्द्रीय मंत्री नितिन गडकरी से अन्य प्रोजैक्ट को लेकर भी चर्चा की गई है, जिनमें अम्बाला – चंडीगढ़ एक्सप्रेस हाइवे वे ग्रीन फील्ड प्रोजेक्ट, शामली-अम्बाला ग्रीनफील्ड प्रोजेक्ट, साहा-शाहाबाद-यमुनानगर बाईपास पर करेड़ा खुर्द पर ओवर ब्रिज, अम्बाला शास्त्री नगर वीओपी, जीरकपुर-पंचकूला बाईपास, पंचकूला सेक्टर 20- सेक्टर 12 को जोडऩे वाला ब्रिज, सूरजपुर बाईपास, बद्दी-पिंजौर आदि प्रोजेक्ट्स शामिल है।
इस बातचीत के बाद केन्द्रीय मंत्री नितिन गडक़री ने सम्बंधित अधिकारियों को दूरभाष पर ही इन कामो में तेजी लाने के निर्देश दिए है। उन्होंने कहा कि केन्द्रीय सरकार के पिछले कार्यकाल मे मुनानगर-पंचकूला, अम्बाला-कैथल हाईवे का निर्माण हुआ जिस पर आए दिन होने वाली दुर्घटनाओं में कीमती जानमाल का नुकसान होता था। अब यह दोनों हाईवे अम्बाला लोकसभा क्षेत्र के लगभग 90 फीसदी हिस्से में लाइफलाइन का काम कर रहे है।