डॉ. प्रदीप गोयल/न्यूज डेक्स संवाददाता
शाहाबाद। स्थानीय सहकारी चीनी मिल क्षेत्र के गन्ने का सर्वे जीपीएस के माध्यम से किया जाएगा। यह फैसला बुधवार को मिल के कान्फ्रेंस हाल में गन्ना विभाग के फील्ड़ स्टाफ के लिए आयोजित ट्रेनिंग सेशन में लिया गया। मिल के एमडी राजीव प्रसाद ने बताया कि पिछले पिराई सत्र में गन्ना काश्तकारों को मिल को गन्ने में सप्लाई करने में आई कठिनाइयों के मद्देनजर इस बार जीपीएस के माध्यम से सर्वे किया जाएगा। ताकि गन्ना सर्वे और बॉन्डिंग के कार्यों में पारदर्शिता लाई जा सके। जीपीएस के माध्यम से सर्वे करने का लाभ यह होगा कि मिल क्षेत्र में खड़े गन्ने का सटीक सर्वेक्षण हो सकेगा। जिससे आगामी पिराई सत्र में गन्ना काश्तकारों को पर्ची वितरण और मिल में गन्ना सप्लाई करने में किसी प्रकार की कोई समस्या ना हो।
एमडी ने मिल के फील्ड स्टाफ को सख्त हिदायत दी कि समय के साथ आधुनिक तकनीक को अपनाकर आगे बढ़े और गन्ना सर्वे का कार्य पूरी मुस्तैदी के साथ करें। उन्होंने बताया कि सर्वे का कार्य फील्ड स्टाफ द्वारा 11 जुलाई से शुरू कर दिया जाएगा और सर्वे रिपोर्ट के आधार पर ही मिल के आगामी पेराई सत्र के लिए लक्ष्य को निर्धारित किया जाएगा। एमडी ने बताया कि जीपीएस सिस्टम से गन्ने के सर्वे के साथ-साथ गन्ने की फसल में लगने वाली विभिन्न प्रकार के हानिकारक कीटों में बीमारियों बारे भी किसानों को अवगत करवाकर इनके नियंत्रण के लिए सुझाव दिए जाएंगे। ताकि गन्ने की फसल को हानिकारक कीटों में बीमारियों से बचाया जा सके। इस ट्रेनिंग सेशन में गन्ना प्रबंधक अजैब सिंह, सीमांत वर्मा , गन्ना विकास अधिकारी बजरंग लाल , गन्ना विकास निरीक्षक हरजीत सिंह व फील्ड स्टाफ उपस्थित रहे।