एनडी हिन्दुस्तान
यमुनानगर। बाल भिक्षावृत्ति और बाल श्रम पर लगाम लगाने के लिए संयुक्त रूप से जिला बाल संरक्षण इकाई एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट ने शहर के संभावित इलाकों में अभियान चलाया इस अभियान के दौरान जन सामान्य को बाल भिक्षावृत्ति और बाल श्रम पर लगाम लगाने में सहयोग करने की अपील की।
जिला बाल संरक्षण इकाई से गौरव शर्मा और एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट से जगजीत सिंह ने बताया कि बाल श्रम और बाल भिक्षावृत्ति बचपन को नष्ट कर देते हैं अभियान के दौरान दो बच्चों को बाल भिक्षावृत्ति से रेस्क्यू करते हुए बाल कल्याण समिति के समस्त प्रस्तुत किया बच्चों और परिजनों की काउंसलिंग करते हुए बाल कल्याण समिति के सुशील गुलाटी और अधिवक्ता मोनिका रानी ने परिजनों को कहा बच्चों को शिक्षा से जोड़ें जिस उम्र में बच्चों के हाथों में किताबें और कंधे पर बस्ता होना चाहिए ऐसे में अगर बच्चे बाल श्रम और बाल भिक्षावृत्ति में लिप्त होंगे तो उनके जीवन पर इसका विपरीत प्रभाव पड़ता है।
मिशन वात्सल्य दे रहा है भीख नहीं सीख देने का संदेश
बाल भिक्षावृत्ति पर लगाम के लिए महिला एवं बाल विकास के मिशन वात्सल्य भीख नहीं सीख दे अभियान में सहयोग करना होगा बालक-बालिकाओं को समाज एवं शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ने के उद्देश्य से अभियान चलाया जा रहा है। बच्चों के जीवन को संवारने का जिम्मेदारी सभी की है। बाल श्रम को अक्सर ऐसे रोजगार के रूप में वर्णित किया जाता है जो बच्चों को उनकी युवावस्था, क्षमता और गरिमा से वंचित करता है, और उनके शारीरिक और मानसिक विकास के लिए विनाशकारी है। बच्चों से बालश्रम कराना कानूनन अपराध है मिशन वात्सल्य की और जनसामान्य की जागरूकता के लिया जागरूकता शिविर सार्वजनिक स्थानों पर परमानेंट बोर्डों और डिजिटल डिस्प्ले बोर्डों के माध्यम से सन्देश दिया दिया जा रहा है।