दृष्टिहीन भी समाज के लिए बन रहे हैं प्रेरणास्रोत-कल्याण
एनडी हिन्दुस्तान
करनाल, । हरियाणा विधानसभा अध्यक्ष हरविन्द्र कल्याण के अनुसार दृष्टिहीन व्यक्ति संसाधनों के अभाव के बीच हौंसले व जज्बे के साथ लक्ष्य तय कर विभिन्न क्षेत्रों में सराहनीय कार्य कर रहे हैं। इनके लिए शारीरिक बाधाएं कोई मायने नहीं रखती। एक जनप्रतिनिधि होने के नाते उनकी पहली जिम्मेदारी दृष्टिहीनों के प्रति है। उन्होंने ऐच्छिक कोष से एसोसिएशन को 5 लाख रुपये देने का ऐलान किया।
विधानसभा अध्यक्ष हरविंद्र कल्याण रविवार को पंचायत भवन में क्रिकेट एसोसिएशन फॉर द ब्लाइंड इन हरियाणा के 8 वें स्थापना दिवस पर बतौर मुख्य अतिथि बोल रहे थे। उन्होंने कहा कि आज भावों को व्यक्त करने के लिए उनके पास शब्द नहीं है। यह जरूरी नहीं कि दृष्टिहीनता जन्म से हो, कई बार कुदरत भी ऐसे हालात पैदा कर देती है जिससे व्यक्ति दृष्टि खो बैठता है। दृष्टिहीनों के प्रति संवेदनशीलता का होना जरूरी है।
उन्होंने कहा कि 14 साल बाद एसोसिएशन की ओर से करनाल में कार्यक्रम आयोजित किया गया है। उन्होंने एसोसिएशन के पदाधिकारियों व सदस्यों को विश्वास दिलाया कि हमेशा उनके साथ हैं। सरकार ने दिव्यांगों के कल्याण के लिए अनेक योजनाएं आरंभ कर रखी हैं। पात्र दिव्यांगों को इनका फायदा भी पहुंचा है। विभिन्न क्षेत्रों में अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाते हुए दिव्यांगों ने राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय स्तर पर राज्य व देश का नाम रौशन किया है। सरकार के सम्मुख वकील बनकर उनकी मांगों को आगे बढ़ाने का प्रयास करूंगा। साथ ही एसोसिएशन पदाधिकारियों से कहा कि वे भविष्य में करनाल में ही टूर्नामेंट का आयोजन करें, व्यवस्था के लिए हर संभव मदद की जाएगी। इस पर प्रधान अजीत सिंह पटवा व महासचिव कृष्ण कुमार मलिक ने यहां टूर्नामेंट के आयोजन की हामी भर दी।
इन्हें किया सम्मानित
विधानसभा अध्यक्ष हरविंद्र कल्याण ने इस मौके पर दृष्टिहीन खिलाडिय़ों दीपक मलिक, प्रवीण शर्मा, चंदन, इरफान, रोहित शर्मा, धर्म सिंह, रेखा गुप्ता, रेखा नागपाल, ऊषा राणा व लाडली को 11-11 सौ व स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया। कविता जैन व सुखबीर को स्टिक भेंट की। विधानसभा अध्यक्ष ने शम्मी द्वारा प्रस्तुत गजल- सफर में धूप तो होगी, जो चल सको तो चलो, की मुक्त कंठ से प्रशंसा की।
महासचिव ने सौंपा मांग पत्र
एसोसिएशन के महासचिव कृष्ण कुमार मलिक ने इस मौके पर विधानसभा अध्यक्ष को मांग पत्र सौंपा जिसमें हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग अथवा हरियाणा लोक सेवा आयोग द्वारा आयोजित परीक्षा में दृष्टिहीनों को एक क्लास नीचे का राइटर उपलब्ध कराने की सुविधा प्रदान करने, नौकरियों का बैकलॉग पूरा करने, 2016 के एक्ट अनुसार एक प्रतिशत पदोन्नति का कोटा पूरा करने, दो सेवा अवधि बढ़ाने के लिए पीजीआई से मेडिकल कराने की अनिवार्यता खत्म करने, जिला रेडक्रास समितियों में मास्टर ट्रेनर को बकाया वेतन दिलाने व एसोसिएशन के लिए वार्षिक ग्रांट तय करने की मांग की गई।